Priya Didi Ki Chudai – गर्मियों की छुट्टियों में जमकर हुई Badi Didi Ki Chudai
Hello Everyone, उम्मीद करता हूँ की आप सब अच्छे होंगे. दोस्तों मेरा नाम है नवीन और मैं महाराष्ट्र के पुणे का रहने वाला हूँ. दोस्तों आज की मेरी इस Priya Didi Ki Chudai की कहानी में पिछले दिनों मैंने मेरी बुआ की लड़की जो की मेरी बड़ी दीदी (Badi Didi Ki Chudai) लगती है रिश्ते में उसे जमकर चुदाई का मजा दिया था.
मेरे साथ गुजरी इसी कहानी से मैं आपको भी रूबरू करा रहा हूँ. क्योंकि Gandistory.com पर बहुत से पाठक अपनी didi ki chudai story को साँझा कर चुके है. इसलिए मैंने सोचा की मुझे भी आपको मेरे साथ गुजरे इन सुनहरे पलों को आपके साथ सांझा करना चाहिए. ताकि आगे चलकर और भी लोग यहाँ अपनी कहानी बता सकें.
सबसे पहले दोस्तों मैं अपने बारें में आपको बता दूँ तो मैंने अभी 12th कक्षा पास की है और अब मेरा कॉलेज का फर्स्ट इयर चल रहा है. मेरी हाइट दोस्तों 5 फिट 8 इंच है और मैं दिखने में एक पतला सा लड़का हूँ तथा मेरे लंड की साइज़ मेरी गर्लफ्रेंड ने पिछले 3 साल से अपनी चूत में ले लेकर 7 इंच तक कर दी है. इसलिए दोस्तों मुझे अब चुदाई का बहुत नॉलेज हो गया है.
वहीँ मेरी प्रिया दीदी की बात करूँ तो उनका रंग एक दम गोरा और उनके शरीर पर भूरे-भूरे बाल है. दिखने में प्रिया दीदी किसी अंग्रेजन से कम नही लगती है. और उनकी उम्र फ़िलहाल 25 साल हो गयी है. हर वर्ष की तरह वो जब भी पढाई से छुट्टियाँ चलती है तब हमारे घर यानी अपने मामा के घर आ जाती है.
मेरे घर में दोस्तों मैं सिर्फ एकलौता हूँ. इसके अलावा मेरे घर में मेरे मम्मी-पापा रहते है. इस प्रकार हम हमारे घर में केवल 3 लोग ही रहते है. तो दोस्तों ये बात है अभी मई महीने की जब मैं और प्रिया दीदी दोंनो एक साथ दोपहर के समय में रील्स देख रहे थे. प्रिया दीदी के फोन पर.
अब रील देखते – देखते दोस्तों प्रिया दीदी बोली – मुझे अब नहाना है क्यूंकि वो हमेशा 12 बजे के लगभग नहाती थी. इसलिए बोली की अब मैं फ़ोन को चार्ज लगाकर जाउंगी. तू सोजा!
तो दोस्तों मैंने कहा- नही दीदी आप चार्ज बाद में लगा लेना मुझे आप रील्स देखने दो क्यूंकि मेरे पास फोन नही है और पापा भी मुझे अपना फोन नही देते है. हालाँकि दोस्तों इनके फोन देने से क्या होता मुझे फोन का पूरा नॉलेज था क्यूंकि मैं कंप्यूटर साइंस का स्टूडेंट हूँ.
तो दीदी ने अपना फ़ोन मुझे दे दिया और वह नहाने के लिए चली गयी. तो दोस्तों वो जब नहा रही थी तब मैं रील देख रहा था. इस दौरान एकदम से कोई मेसेज उस फ़ोन पर आया. तो मैंने पूरा कन्वर्सेशन खोल लिया जो की दीदी ने पहले डिलीट नही किया हुआ था. क्यूंकि उन्हें क्या पता था की कभी मुझे भी अपना फ़ोन देना पड़ेगा. इसलिए वह मेरे घर आई तब से कोई फ़िक्र इस बात को लेकर नही की.
और दोस्तों शायद यहीं उनकी बड़ी भूल थी. मैंने उनके व्हात्सप्प कन्वर्सेशन खोला तो देखा की कोई आशीष नाम का लड़का उनसे बात करता था. इसके बाद जब मैं ऊपर बढ़ा तो देखने में आया की मेरी दीदी ने बहुत सी Nude फोटो आशीष को भेज रखी थी. कभी लाल ब्रा में कभी काली ब्रा में और उन फोटो में उनके निकले हुए निपल्स मेरे को उसी दौरान प्रिया दीदी की चुदाई के लिए मजबूर करने लग गये.
तभी मैं और ऊपर बढ़ा तो कल रात को ही मेरी दीदी ने आशीष को अपनी चूत की फोटो भी भेज रखी थी. जिसमे दीदी की चूत पर हल्के से बाल थे और अंदर से एकदम गुलाबी चूत (didi ki chut) दिखाई दी जिसमे से पानी जैसा कुछ साफ़ दिखाई दे रहा था. तभी मैं समझ गया की दीदी को अब चुदाई की ख़ास जरूरत है.
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अब ये सब देखते-देखते मेरा तो दोस्तों उसी वक्त चुदाई का मूड बन गया. और फिर जब मेरी प्रिया दीदी नहाकर आई तो मैंने पूछा- क्या दीदी कितनी देर लगा दी नहाने में.
प्रिया दीदी- समय तो लगता ही है.
मैं- इतना समय मत लगाया करो, मैं कितना मिस कर रहा था आपको.
प्रिया दीदी- मुझे क्यूँ मिस कर रहे थे?
मैं- बस ऐसे ही.
प्रिया दीदी- नही सच बताओ क्यूँ मिस कर रहे थे. जबकि मैंने तुमको सोने के लिए बोल दिया था.
मैं- दीदी में सोने ही वाला था. लेकिन मेने कुछ ऐसा देख लिया जिसे देखकर शायद ही मुझे अब नींद आए.
प्रिया दीदी- हाहाहा, पागल ऐसे क्या देख लिया? कोई रील में डरावनी चीज देख ली क्या?
मैं- नही लेकिन डरावनी चीज से कम भी नही थी.
प्रिया दीदी- अच्छा तो मुझे भी दिखाओ देखे.
मैं- नही आपके देखने लायक नही है.
प्रिया दीदी- दिखाओ तो.
मैं- नही दीदी, बोला न दिखाने के लायक नही है. बस करने के लायक है.
क्यूंकि दोस्तों जब मेरी दीदी नहाकर आई तो उसका गिला बदन उसके कपड़ों से चिपक रहा था. जिसमे से उसकी लाल रंग की पेंटी भी साफ़ दिखाई दे रही थी. इसलिए मेरा तो मानों उसी दौरान उन्हें चोदने का मन बन गया था.
फिर दीदी मेरे पास बैठ गयी तो मैंने पूछा- एक बात बताओ दीदी आपके कोई बॉयफ्रेंड है?
प्रिया दीदी- नही लेकिन तू इतना क्यूँ पूछ रहा है?
मैं- नही दीदी ऐसे ही. क्यूंकि में सच बताऊ तो मेरी GF है पिछले 3 साल से.
प्रिया दीदी- अच्छा, इतनी सी उम्र में तूने GF बना ली?
मैं- हाँ दीदी.
प्रिया दीदी- क्या करता है तू GF का?
मैं- वहीँ जो सभी करते है.
प्रिया दीदी- सभी मतलब?
मैं- मतलब दीदी सबकुछ.
प्रिया दीदी- पागल सबकुछ करने के लिए तेरा खड़ा हो जाता है क्या?
मैं- हाँ दीदी, क्यूँ नही खड़ा तो ऐसा होता है की पूछों मत. अभी जब से मैंने आपकी और आशीष की चैट में आपकी चूत के दर्शन किये है तब से ही मेरा लंड सोने को तैयार नही है.
इतना बोलते ही दोस्तों प्रिया दीदी तो हैरान रह गयी और बोली- अच्छा तुझे कहाँ से दिखी.
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मैं- मैंने आपका पूरा कन्वर्सेशन देख लिया है.
प्रिया दीदी- हाँ यार मेरा BF है लेकिन उससे मिले मुझे बहुत दिन हो गए है.
मैं- अच्छा दीदी तभी मैंने कल वाली आपकी फोटो देखी जिसमे आपकी चूत से काफी गिला-गिला पानी दिख रहा था.
प्रिया दीदी- हट पागल, ये तो होता ही है उसने मुझे अपने लंड की आदत लगाकर किसी और से रिलेशन बना लिया है. इसलिए मेरी चुदाई की हुए उसे 3 महीने होने को आए है.
मैं- अच्छा दीदी, लेकिन आपको एक बात बताऊ?
प्रिया दीदी- हाँ बताओ?
मैं- आप बुरा तो नही मानोगी ना?
प्रिया दीदी- नही, बताओ ना.
मैं- मुझे चुदाई का काफी अनुभव प्राप्त है और आपकी इस चूत को मजा मैं ढंग से दे सकता हूँ. अगर आपकी इजाजत हो तो.
प्रिया दीदी- पागल तुम मेरे भाई हो.
मैं- तो क्या हुआ दीदी कोई सगा भाई थोड़ी हूँ, और थोड़ी देर के लिए भूल जाना की मैं आपका भाई हूँ. प्लीज!
प्रिया दीदी- अच्छा ठीक है. अभी घर में मामी नही है ना?
मैं- हाँ मम्मी बाहर गयी हुई है शाम को लौटेगी वापस.
तो दोस्तों इतना कहते ही प्रिया दीदी ने मुझे अपनी बाहों में भर लिया. और वो पहले से ही गर्म सांस छोड़ रही थी. जैसे की वर्षों से चुदाई की प्यास जगी हो. मैं भी ये देखकर हैरान रह गया. और फिर उनको चारों और से बदन को चूमना शुरू कर दिया. कभी उनके गाल पर तो कभी उनकी गर्दन पर लगातार पप्पी ले रहा था.
ईन सब हरकतों से प्रिया दीदी की सांस तेज होने लग गयी थी. इसके बाद प्रिया दीदी ने धीरे-धीरे अपनी टी-शर्ट उतारी, फिर शॉर्ट्स। वो अब ब्लैक ब्रा और ब्राउन पैंटी में थीं। उनकी ब्रा से उनके बूब्स का उभार साफ दिख रहा था। मैंने अपनी शर्ट भी उतार दी और अब दीदी के सामने पूरा नंगा खड़ा था।
प्रिया दीदी- को ब्रा-पैंटी में देखकर मेरे लंड में हलचल शुरू हो गई। मैंने कहा, “दीदी, शरमा क्यों रही हो? मेरा लंड पकड़ो और हिलाओ।”
इसके बाद प्रिया दीदी ने थोड़ा हिचकते हुए मेरा लंड पकड़ा। उनकी उंगलियाँ मेरे लंड पर धीरे-धीरे चलने लगीं। मेरा लंड धीरे-धीरे सख्त और पूरा खड़ा हो गया।
प्रिया दीदी- तेरा लंड तो बहुत बड़ा है। और इतना मोटा भी।
मैं- तुम्हें पसंद आया?
प्रिया दीदी- हाँ, बहुत।
मैं- दीदी, इसे मुँह में लो ना प्लीज।
इतना कहते ही प्रिया दीदी ने झट से अपने मुह में मेरे लंड का सुपारा डाल लिया और जैसे कोई आइसक्रीम चुसे वैसे मेरे लंड को चूसने में लग गयी. प्रिया दीदी के लंड चूसने के कारण मुझे बहुत ही मजा आ रहा था. लेकिन मैं देखा की कहीं इनके चूसने के कारण इनके मुह में ही मेरा लंड अपना सामान न छोड़ दे.
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इसलिए मैंने दीदी को खड़ा किया और उनके होंठों पर किस करना शुरू किया। दीदी ने भी मेरा साथ देना शुरू कर दिया। उनके होंठ नरम और गर्म थे। मैंने किस करते-करते उनकी ब्रा का हुक खोल दिया। उनकी ब्रा नीचे गिरी, और उनके 32 साइज के बूब्स मेरे सामने थे। गोल, टाइट, और हल्के भूरे निपल्स।
मैंने उनके बूब्स को हाथों में लिया और धीरे-धीरे दबाने लगा। दीदी की साँसें तेज हो रही थीं। मैंने उनके गले को चूमा, फिर धीरे-धीरे नीचे आते हुए उनके बूब्स चूसने लगा। दीदी के मुँह से हल्की सिसकारियाँ निकलने लगीं, “उम्म… आह्ह…नवीन….ऐसे ही करो”
इसके बाद मैंने दीदी को बेड पर लिटा दिया। उनके गले, कंधों, और फिर नाभि को चूमते हुए मैं नीचे की तरफ बढ़ा। मैंने देखा की दीदी की पैंटी पूरी तरह गीली हो चुकी थी। मैंने उनकी पैंटी को धीरे से खींचकर उतार दिया। उनकी चूत साफ थी, हल्के-हल्के बाल थे, जो कुछ दिन पहले शेव किए गए लग रहे थे।
प्रिया दीदी की चूत गीली और गुलाबी थी, जैसे मुझे बुला रही हो। मैंने दीदी के दोनों पैर फैलाए और उनकी चूत पर अपनी जीभ रख दी। जैसे ही मेरी जीभ उनकी चूत को छूई, दीदी के मुँह से तेज सिसकारी निकली, “आआह्ह… नवीन… उम्म…” मैंने उनकी चूत को चाटना शुरू किया, जीभ को अंदर-बाहर करते हुए। दीदी की सिसकारियाँ तेज हो गईं, “आह्ह… उम्म… और कर… आह्ह…मुझे बहुत मजा आ रहा है नवीन” वो अपनी चूत को मेरे मुँह पर रगड़ने लगीं।
थोड़ी देर बाद मैं खड़ा हुआ। दीदी मेरे सामने घुटनों पर बैठ गईं और मेरा लंड अपने मुँह में ले लिया। वो धीरे-धीरे चूसने लगीं। मैंने कहा, “दीदी, पूरा मुँह में लो ना।” दीदी बोलीं, “पूरा नहीं आता, उल्टी आ जाएगी।”
मैंने कहा, “ठीक है, जितना ले सकती हो, उतना चूसो।” दीदी ने मेरा लंड आधा मुँह में लिया और चूसने लगीं। उनकी जीभ मेरे लंड के टोपे पर घूम रही थी।
फिर मैंने कहा, “दीदी, इसे और गीला कर दो। मैं इसे तुम्हारी चूत में डालूँगा।” दीदी ने मेरे लंड को अपनी जीभ से चाटकर पूरा गीला कर दिया।
मैंने दीदी को बेड पर लिटाया। उनके दोनों पैर फैलाए और उनके बीच में बैठ गया। मैंने अपनी उंगलियों से उनकी चूत को सहलाया, फिर उस पर थूक लगाया। अपने लंड पर भी थूक लगाया और उसे दीदी की चूत पर सेट किया। धीरे से अंदर धकेला। मेरा आधा लंड उनकी चूत में चला गया। दीदी ने मेरी कमर को पीछे धकेलने की कोशिश की, लेकिन मैं रुक गया। उनकी आँखें सुख के मारे सफेद हो गई थीं।
थोड़ी देर बाद मैंने पूछा, “दीदी, पूरा डाल दूँ?” दीदी ने सिर हिलाया और कहा, “हाँ, डाल दे।” मैंने लंड को थोड़ा पीछे खींचा और एक जोरदार धक्का मारा। मेरा पूरा 7 इंच का लंड उनकी चूत में समा गया। दीदी के मुँह से तेज चीख निकली, “आआह्ह… नवीन… दर्द हो रहा है…धीरे धीरे अपनी स्पीड बढाओ पागल”।
इसके बाद मैंने दीदी के दोनों हाथ पकड़े और धीरे-धीरे धक्के मारने शुरू किए। हर धक्के के साथ दीदी की सिसकारियाँ तेज हो रही थीं, “आह्ह… उम्म… धीरे कर… आह्ह…नवीन” उनकी चूत इतनी गीली थी कि मेरा लंड आसानी से अंदर-बाहर हो रहा था। हर धक्के के साथ “थप… थप…” की आवाज कमरे में गूँज रही थी।
इसके बाद मैंने अपनी स्पीड बढ़ा दी। दीदी की सिसकारियाँ अब चीखों में बदल गईं, “आआह्ह… नवीन… और तेज… उम्म…” मैंने और जोर से धक्के मारने शुरू किए। दीदी की चूत मेरे लंड को जकड़ रही थी। अचानक दीदी ने जोर से चीख मारी, “आआह्ह… निकलने वाला है… आह्ह…” और उनकी चूत ने पानी छोड़ दिया। उनकी बॉडी काँप रही थी।
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इसके बाद दोस्तों मैंने अपना लंड बाहर निकाला और कहा, “दीदी, अब तुम मेरे ऊपर आ जाओ।” मैं बेड पर लेट गया। दीदी मेरे ऊपर आईं, मेरा लंड अपने हाथ से पकड़ा और अपनी चूत में सेट करके धीरे-धीरे बैठ गईं। वो ऊपर-नीचे होने लगीं। मैंने उनके बूब्स पकड़े और दबाने लगा। दीदी की सिसकारियाँ फिर शुरू हो गईं, “उम्म… आह्ह… नवीन… कितना मोटा है तेरा लंड…” मैंने नीचे से धक्के मारने शुरू किए।
और मैंने नोटिस किया की हर धक्के के साथ दीदी की आवाज तेज हो रही थी, “आआह्ह… और जोर से… उम्म…” मेरा पानी भी निकलने वाला था। मैंने कहा, “दीदी, मेरा निकलने वाला है।” दीदी बोलीं, “अंदर ही निकाल दे मुझे तेरे गर्म-गर्म वीर्य का अहसास अपनी चूत को दिलवाना है, ये काफी दिनों से चुदाई की प्यासी है।”
इसके बाद दोस्तों मेरी दीदी खुद से ऊपर से जोर-जोर से हिलने लग गयी ताकि मेरा जब पानी निकले तो उनके अंदर तक टच हो जाए और उन्हें ओर्गेज्म मिल सकें. फिर अंत में प्रिया दीदी ने ऊपर से ही ऐसा झटका लिया की मैं भी बोला- आह….दीदी….आह…..ऐसे ही रहो….. मेरा निकल रहा है. और दीदी काफी देर तक मेरे ऊपर लेटी रही.
फिर वह मेरे ऊपर से उठी और एक कपड़ा लाई तथा अपनी चूत को व मेरे लंड को साफ़ की. इसके बाद दोस्तों कुछ देर हम फिर से बेड पर लेट गये और अपने सेक्स के अनुभव को साँझा करने लग गये. तो करीब 20 मिनट बाद फिर से मेरा लंड प्रिया दीदी के गोरे बदन को देखकर खड़ा हो गया.
तो मैंने इस बार प्रिया दीदी को बेड पर उल्टा लेटाया और फिर से उनकी एक ही रफ्तार में चुदाई शुरू कर दी. और इस दौरान दीदी की चूत में से फच…फच…फच की आवाजे आने लग गयी थी. और पुरे कमरे में बस वहीँ बातें सुनाई दे रही थी. मुझे दोस्तों इन आवाजों से जोश आ रहा था. इसलिए मैंने प्रिया दीदी को इस राउंड में लगातार 20 मिनट तक इसी रफ्तार में ढंग से चुदाई का मजा लिया.
फिर हमने अपनी सफाई की और अपने-अपने कपड़े पहन लिए. तथा दीदी बोली- यार तू सच में चुदाई मास्टर है नवीन. कहाँ से सीखी है तुमने इस प्रकार की चुदाई करनी.
मैं- मेरी GF की पिछले 3 साल से चुदाई कर-करके मैंने उसकी चूत का भोसड़ा बना दिया है. आपको भी बनवाना है?
प्रिया दीदी- बनवाना तो है लेकिन अभी नही. अभी मामी आ जाएगी रात को बनायेंगे. तुम एक काम करना रात को मेरे कमरे में ही सो जाना.
फिर दोस्तों मैं उनके कहे अनुसार उनके कमरे में ही सो गया और पुरी रातभर प्रिया दीदी की जमकर चुदाई का मजा लिया. तथा जब तक वो अगले 13 दिन हमारे घर पर रही तब तक उनकी चूत को मैंने भोसड़ा आख़िरकार बना ही दिया. उसके बाद जब भी हमें मौका मिलता, हम चुदाई करते.
प्रिया दीदी अब मुझे हमेशा फोन करती है और कहती है की नवीन कोई जुगाड़ करना ताकि मैं तेरे घर पर आ सकूं. क्योंकि तेरा लंड लेने के बाद से मुझे तो बस वहीँ सूझ रहा है कब जाकर मेरी चूत में तुम फिर से अपना लंड डालोगे. और कब मुझे वैसा ही मजा आएगा. तो दोस्तों एक बार तो मैं उनके घर यानी बुआ के घर जाकर ही उनकी चुदाई करके आ गया था.
दोस्तों आप ये Didi ki chudai story हमारी वेबसाइट gandistory.com/ पर पढ़ रहे है। अगर आपको दोस्तों मेरी ये Badi didi ki chudai कहानी पसंद आई है तो आप कमेंट बॉक्स में अपना अनुभव साँझा कर सकते है। मिलता हूँ आपसे मेरी एक और नई कहानी के साथ।