Khet Me Chudai Ki Kahani – लंड की प्यासी चाची चुद कर ही मानी
नमस्कार मित्रों, आप सभी का स्वागत है आपके अपने फेवरेट ब्लॉग GandiStory.com के Khet me chudai stories के नए एपिसोड में. हाजिर है आपके सामने एक बार फिर देवीलाल जी द्वारा भेजी गयी Khet Me Chudai Ki Kahani लेकर. दोस्तों मेरी यह खेत में चुदाई कहानी एक सच्ची घटना है जिसमे पिछले ही दिनों मैंने अपनी खुबसुरत सी जवान निशा चाची की चुदाई की है.
दरअसल दोस्तों मैं अभी एक जवान लड़का हूँ. और फ़िलहाल मैं कॉलेज के फर्स्ट इयर का विद्यार्थी हूँ. लेकिन अभी तक मेरे को चूत चुदाई का बिलकुल भी अनुभव नही था. हालाँकि मैंने इससे पहले फोन पर चुदाई वाले विडियो जरूर देख रखे थे. जिसकी वजह से मेरी हिलाने की आदत पड़ चुकी है. और इसकी वजह से मेरा लंड अभी 7 इंच का तगड़ा हो चूका है.
मैं हरियाणा के पानीपत का रहने वाला हूँ. और हमारे परिवार मैं हम सब लोग अभी संयुक्त रूप से रहते है. मेरे पिताजी लोग 4 भाई है जिनमे मेरे पिताजी सबसे बड़े है तथा सबसे छोटे निर्मल चाचा है उनकी बीवी निशा चाची है. जो की अभी एक जवान लड़की की तरह दिखती है. हालाँकि उनकी उम्र भी अभी 30-32 बरस के आसपास ही हुई है.
तथा हमारे घर में सभी लोग ट्रांसपोर्ट के बिजनेस को सम्भालने के लिए बाहर ही रहते है. इसलिए घर में पशु वगेरह सब रखने की वजह से हमें रोज अपने खेतों में जाना होता है. जहाँ हम उनके लिए हरी घास लेकर आते है. आपको बताऊ दोस्तों आमतौर पर खेत में मेरे को ही अपनी चाचियों के साथ जाना होता है. क्योंकि अभी घर के अंदर मैं ही सबसे बड़ा लड़का जो ठहरा. लेकिन पहले तो इस बात का काफी दुःख था फिर जैसे ही मेरे को निशा चाची की चूत मिली तब से मानों मेरे को खेत में भी जाने में मजा आने लगा था.
दरअसल दोस्तों हुआ यूँ की ये बात है अभी मई महीने की जब हमारे खेत में हमको बाजरा लेने जाना था पशुओं के लिए. इसलिए हम शाम को ठंड होने के बाद 6 बजे के आसपास चले गये. जहाँ सिर्फ मैं और मेरी निशा चाची ही मौजूद थी. हालाँकि मेरी निशा चाची मेरे से हमेशा खुलकर बातें किया करती थी. लेकिन उस दिन कोई और चाची साथ न आने की वजह से वो कुछ ज्यादा ही खुल गयी थी. और बोली- देवीलाल तेरे कोई गर्लफ्रेंड है क्या?
मैं- नही चाची.
चाची- झूठ मत बोलो, इस उम्र में भी तेरी कोई गर्लफ्रेंड नही है?
मैं- सच्ची चाची, आपकी कसम.
चाची- मेरी झूठी कसम मत खाओ, सच बताओ अगर नही है तो तुम कॉलेज में जाते वक्त इतने सजकर क्यूँ जाते हो?
मैं- ताकि कोई गर्लफ्रेंड बन जाए. हाहाहा
चाची- अच्छा, इसका मतलब तेरा मूड तो पक्का पक्का वाला है, गर्लफ्रेंड बनाने जैसा.
मैं- हाँ चाची, अगर आपकी निगाह में कोई लड़की है तो सेट करवा दो.
चाची- मैं तो यहाँ ससुराल में रहती हूँ, यहाँ सब तुम्हारी बहन बेटियां है किसे सेट करू?
मैं- नही आपके पीहर में आपकी कोई फ्रेंड हो तो करवा दो सेट.
चाची- पीहर में मेरी उम्र की लडकियाँ ही मिलेगी तेरे को. जो तेरे को पसंद नही होगी.
मैं- हाँ चलेगी चाची आपकी उम्र वाली, क्योंकि मेरे को आप भी बहुत पसंद हो.
चाची- कब से? हाहाहा
मैं- जब से आपने घर में कदम रखे है तभी से.
दोस्तों ये Khet Me Chudai Ki Kahani आप हमारी वेबसाइट gandistory.com/ पर पढ़ रहे है.
चाची- कभी बताया नही मेरे को तुमने की मैं तुम्हे पसंद हूँ.
मैं- क्या फायदा बताकर भी, आपके पास तो चाचा है न?
चाची- चाचा कहाँ है उन्हें तो काम से ही फुर्सत नही मिलती.
मैं- हाँ ये बात तो है, तो फिर आपका दिल नही लगता क्या?
चाची- नही दिल तो लग जाता है, लेकिन और सब कुछ नही हो पाता है जो मेरे को चाहिए होता है.
मैं- और क्या चाहिए चाची आपको?
चाची- अब तुम अनजान तो बनो मत तुमको सब कुछ मालुम है लेकिन तुम मेरे को पूछे जा रहे हो.
मैं- नही बताओ ना चाची, प्लीज मेरे को अपना बेस्ट फ्रेंड समझकर ही बता दो. कसम से मैं किसी से नही कहूँगा.
चाची- अरे पागल तेरे को पता है ना तेरे चाचा तो 15 दिन में एक बार घर पर आते है और अगले 15 दिन मेरे को तड़पता छोड़ जाते है. इसलिए मेरे को ये सब अच्छा नही लगता. और मेरे साथ वो कभी भी भरपूर सेक्स नही करते है. इसलिए मन तो होता ही न सेक्स का. अब तू ही बता तेरा भी तो किसी से सेक्स करने का मन तो होता होगा ना?
मैं- मेरा तो सच पूछो तो चाची मन ऐसा होता है की पेंट में से मेरा लंड निकलने लग जाता है.
इतना सुनते ही चाची हस दी और बोली- हट पागल, अब बहुत हुई गंदी बातें चलो अब काम करो.
फिर हम चुपचाप बाजरा काटने में लग गये. और इस दौरान हम बड़े-बड़े बाजरे के बीच में थे. तथा बाहर से कोई देख भी न ले ऐसी अवस्था में बाजरे की कटाई कर रहे थे. तभी चाची इतनी बातें पूछकर मेरी फीलिंग्स पूरी पहचान ही चुकी थी. अब दोस्तों मेरी चाची एकदम से खड़ी हुई और मेरे पास में ही अपनी सलवार खोलकर मुतने को लग गयी.
और जैसे ही मैंने देखा तो उनकी गोरी-गोरी गांड मेरे दिख गयी. और इसकी वजह से मेरे लंड में तुरंत तनाव आ गया. और चाची की जानबूझकर काफी देर तक मुतती रही ताकि मैं उनको चुदाई के लिए कुछ कह सकूं. क्योंकि चाची अपने मूह से मेरे को चुदाई के लिए कहने से कतरा रही थी. इसलिए दोस्तों मेरे से रहा नही गया. और मैंने उनके पीछे आकर अपने लंड को निकालकर हिलाना शुरू कर दिया.
और अचानक से चाची ने मुड़कर देखा तो मेरा लंड देखकर वह मानों पागल हो गयी. और बोली- ये क्या कर रहे हो देवीलाल तुम?
मैं- चाची आपके गोरे-गोरे कुल्हे मेरे लंड को हिलाने के लिए मजबूर कर दिए. अब मेरे से रहा नही जा रहा आप प्लीज ऐसे ही बैठी रहो अभी मैं हिलाकर अपना माल निकल रहा हूँ.
चाची- ये गलत बात है. तेरे को पता है ना?
दोस्तों ये Khet Me Chudai Ki Kahani आप हमारी वेबसाइट gandistory.com/ पर पढ़ रहे है.
मैं- कुछ गलत नही है चाची प्लीज आप हिलाने दो ना.
इतना सुनते ही चाची बोली- चलो फिर हिलाना ही है तो मैं तेरे सामने हो जाती हूँ, तुम मेरी चूत को देखकर हिला लो. ताकि तुम्हारा पानी जल्दी निकल जाए.
और फिर चाची मेरे सामने हो गयी. और उन्होंने मेरे को अपनी गुलाबी चूत के दर्शन करवा दिए. और आपको बताऊ दोस्तों मेरी चाची की चूत इतनी चिकनी नजर आ रही थी की मन कर रहा था अभी अपना लंड चाची की चूत में घुसेड़ दू. लेकिन मैं करीब 2 मिनट और हिलाता रहा और फिर मेरा निकल गया.
मेरा निकलता देखा अब चाची की चूत में से भी अपने आप ही चिपचिपा सा पदार्थ निकलने में लग गया. तभी मैंने पूछा- चाची आपकी चूत में से भी कुछ निकल रहा है.
चाची बोली- ऐसा लंड दिखाएगा तो निकलेगा ही ना, तुम तो अपना काम कर लिए लेकिन मेरी चूत में तुमने आग लगा दी.
मैं- कैसे चाची?
चाची- पागल मेरा भी अब चुदाई का मन हो चला है.
और इतना कहते ही चाची घुटनों के बल बैठकर मेरे झड़े हुए लंड को हाथ में लेकर अपने मूह से चूसने में लग गयी. और जैसे ही वो चूसने लगी मैं आह…आहाह्हः…अहहहः…अहहहः…. आह्हहः.. करने में लग गया. मेरे को इस दौरान बहुत ही मजा आ रहा था. क्योंकि पहली बार मेरे लंड को किसी लड़की जात ने चूसा था. इसलिए मेरा लंड उनकी गोरी गांड देखकर तुरंत 1 मिनट में ही वापस खड़ा हो गया.
और अब वह पूरा 7 इंच का हो चला था. इसलिए अब मैंने चाची को बोला- अब मेरे से रहा नही जा रहा है प्लीज अब इसे अपनी चूत में जाने दो. तभी मेरे लंड को शांति मिल पाएगी.
इतना सुनते ही चाची ने मेरे लंड को छोड़ा और खेत में ही लेट गयी. तथा अपना सलवार पूरा उतारकर टांगों को चौड़ा कर ली. और मैंने देखा की उनकी चूत काफी गीली हो चुकी थी. इसलिए मेरा मन अब उनकी चूत का पानी पिने को हो गया. इसलिए मैंने तुरंत उनकी गोरी-गोरी जाँघों को मसलते हुए चूत पर अपना मुह टिका दिया.
और जैसे ही मैंने अपनी जीभ फेरी चाची…. आहाह्हः…. आहाह्हः… आह्हाह्हः… आहाह्हहः ….ईईईईई………..ऊऊऊऊऊ……….आआआ……. .ईई.इ.इ..इ.इ.इ.इ.इ.इ.इ.इ.इ.इ.ई.इ.इ.इ.इ. करने में लग गयी.
और इस दौरान चाची खुद से मेरे सर को पकड़कर अपनी चूत में घुसाए जा रही थी. आपको बताऊ मेरी चाची की चूत का स्वाद एकदम नमकीन जैसा था. जिसे पिने में मेरे को बहुत मजा आ रहा था. और अब मेरे को चुदाई का भुत संवार हो चूका था.
इसलिए मैंने अब ज्यादा देर न करते हुए चाची की चूत पर अपना लंड रगड़ना शुरू कर दिया. और मेरे लंड की टोपी को महसूस करके चाची की चूत में से पानी निकलना शुरू हो चूका था. और वह फिर से आह….आह्हहहः… देवीलाल….. प्लीज अब जाने दो अपने इस हथियार को मेरी चूत के अंदर काफी दिनों से प्यासी है ये. प्लीज अब और न तडपाओ.
इतना सुनकर अब मैं अपने लंड के टोपे को चाची के चूत के छेद में घुसाने के लिए लग गया. पहले तो काफी देर तक कोशिश करता रहा लेकिन लंड अंदर नही घुस रहा था. क्योंकि चाची की चूत काफी टाइट थी और मेरा लंड 3 इंच तक का मोटा था. इसलिए मेरी चाची ने मेरे लंड को खुद से सेट कर बोला- अब दो धक्का.
दोस्तों ये Khet Me Chudai Ki Kahani आप हमारी वेबसाइट gandistory.com/ पर पढ़ रहे है.
और इतना सुनते ही मैंने जोर से चाची की चूत में धक्का दे डाला. और फिर मेरा आधा लंड चाची की चूत को चीरता हुआ अंदर चला गया. और चाची इस दौरान….. हाआहह्हहहह्हाहह…….. आआआआआआआ……………..ईईईईईईईईई……….. ऊऊऊऊऊऊउ….. करती रही. लेकिन मेरे को चुदाई का भुत संवार था. इसलिए मैं उनकी एक न सुना और फिर लगातार धक्के पर धक्के दिए जा रहा था.
और मेरे को चाची की चुदाई करने में इतना मजा आने लगा था की जैसे मैं स्वर्ग में किसी अप्सरा की चुदाई कर रहा हूँ. तथा इस दौरान अब चाची भी मेरे लंड को और अंदर जाने के लिए बोलने लग गयी. तभी अब मैं उनके ऊपर से ही जोर-जोर से उनको झटके देता रहा. फिर चाची ने बोला- प्लीज मेरे को किस करो देवीलाल मेरे को चुदाई के दौरान किस करना बहुत पसंद है.
और इतना कहते ही मैंने लंड को आगे पीछे करते हुए उनके ऊपर आ गया. और उनकी गर्दन को पकड़कर कभी उनके माथे कभी उनके गाल तो कभी उनके होठों पर किस पर किस किए जा रहा था. और सामने से चाची भी मेरे को भरपूर किस किए जा रही थी. और चुदाई का भरपूर मजा ले रही थी. तभी करीब 10 मिनट तक चुदाई चलने के बाद मैं बोला- चाची मेरा माल निकलने वाला है.
चाची- हाँ इसे मेरे अंदर ही डालना प्लीज अपने वीर्य की गर्मी मेरी चूत को महसूस कराओ बहुत दिनों से ये तगड़े लंड की प्यासी है.
इतना सुनते ही मैंने 10-20 झटके और देकर आहाहह्हहाह्हहहहहह्हा करते हुए अपने लंड के माल को चाची की चूत की गहराई में छोड़ दिया. और अब चाची आहाहहः अहहहहः अहहहह्ह करते हुए मेरे लंड को अंदर तक महसूस कर रही थी. तथा मेरे को कसकर पकड़ ली थी. ताकि मैं अपने लंड को बाहर न निकाल लू. और वो मेरे लंड को काफी देर अंदर तक महसूस करती रहे.
इसके बाद दोस्तों फिर जब लंड एकदम पलपला कर खुद ही बाहर निकला तो फिर चाची ने मेरे को अपने उपर से उठने दिया. और बोली- वाकई मानना पड़ेगा देवीलाल दम है तेरे लंड में. पहली बार किसी लड़के ने मेरी चूत का पानी निकाला है. वरना मेरे बॉय फ्रेंड और तेरे पति ने भी कभी मेरी ऐसी चुदाई नही की थी. जैसी आज तुमने कर डाली. मन कर रहा है की, तेरा लंड अपने पास ही रख लू.
मैं- हाँ तो रख लो मेरे को ही अपने पास चाची, वैसे आप भी मेरे को ऐसा तगड़ा अहसास दिलवाई हो जिसे में जिन्दगी भर नही भूल पाऊंगा.
चाची- मजा आया न तेरे को?
मैं- हाँ, काश ये मजा अभी एक बार और आ जाए तब कैसा रहेगा?
चाची- हाँ मेरे भी दीमाग में यहीं चल रहा है की अभी अँधेरा होने से पहले एक राउंड और हो जाए. प्लीज इस बार तुम मेरे को पीछे से चोदना मेरे को इस प्रकार चुदना बहुत पसंद है.
मैं बोला- ठीक है चाची, आओ चुसो मेरे लंड को.
और इतना सुनते ही चाची ने फिर से मेरे लंड को चुसना शुरू कर दिया. और करीब 5 मिनट तक कुल्फी की तरह चूसने के बाद मेरे लंड ने एकदम सख्त होना शुरू कर दिया. और फिर चाची बोली- देख हो गया है चूत की खुजली मिटाने जैसा, अब ज्यादा देर न कर और आजा मेरे ऊपर.
दोस्तों ये Khet Me Chudai Ki Kahani आप हमारी वेबसाइट gandistory.com/ पर पढ़ रहे है.
और इतना कहकर चाची उलटी लेट गयी. और फिर मैंने पीछे से उनके कूल्हों को चौड़ा करके पीछे से लंड घुसाने में लग गया. और फिर जैसे ही पीछे से मेरा लंड उनकी चूत में गया. चाची फिर से आहाहाह… आह्हहहः…. अहहहः…… ऊऊउ…..ईईईइ …..आह्हह. करके मजे लेने में लग गयी. और मैं पीछे से ही उनके ऊपर लेट गया.
और अब मैंने धक्के देते हुए साथ में उनकी गर्दन को चूमे जा रहा था. जिसकी वजह से चाची को भी बहुत मजा आ रहा था. और वह मेरा ये अंदाज देखकर करीब 5 मिनट बाद ही अपना पानी छोड़ दी. और चुदाई का फिर से मजा लेने में लग गयी. क्योंकि ये मेरा तीसरा राउंड था इसलिए अभी मैं झड़ने वाला नही था इसलिए ये चुदाई मेरी करीब आधे घंटे तक एक ही पोजीशन में चलती रही. और चाची इस चुदाई में काफी मजा ले रही थी.
फिर दोस्तों मेरा जैसे ही झड़ने को आया तो मैंने चाची को बोला- चाची इस बार भी अंदर ही छोड़ना है क्या?
चाची- हाँ ये भी कोई पूछने वाली बात है, पागल अपने लंड को मेरी चूत की गहराई में ही जाने दो मेरे को बहुत मजा आ रहा है.
और इतना सुनते ही मैंने कुछ और जोर-जोर के झटके दिए. ताकि अंदर तक चूत में ढंग से जगह बन सकें और फिर मैंने चाची के कंधों को जकड़कर पीछे से ही अपने लंड का पानी उनकी चूत में छोड़ दिया. और फिर करीब 5 मिनट तक उनके ऊपर ही लेटा रहा. तथा इस दौरान चाची को खूब किस किया.
फिर हम दोनों ही खड़े हुए. क्योंकि इस समय काफी अँधेरा होने को आया था. इसलिए हम दोनों ने अपने-अपने कपड़े पहने और फिर चाची बोली- प्लीज देवीलाल अब तुम मेरे को इस कदर ही हमेशा चोदा करो. मेरे को तुम्हारी चुदाई बहुत पसंद आई है. इसलिए जब भी अब तुम्हारा मन करे मेरे को बिना पूछे ही मेरी चूत को मार लिया करो. आई लव यू देवीलाल.
फिर मैंने कहा- आई लव यू मेरी निशु चाची, आप मेरे को काफी दिनों से पसंद थी. लेकिन मैं कह नही पाया आपसे कभी. आज जाकर आपने मेरी मन्नत सी पूरी कर डाली. इसके लिए आपका बहुत बहुत थैंक्स.
चाची- हट पागल इसमें कौनसी थैंक्स वाली बात है, चल अब घर चलते है. लेकिन ध्यान रखना घर में किसी को पता नही लगना चाहिए इसके बारें में.
मैं- पक्का प्रॉमिस मेरी चाची, मेरी जान और फिर मैंने उनको एक प्यार भरी किस कर दी.
अब दोस्तों पिछले 3 महीने से मैं और मेरी निशा चाची चुदाई का भरपूर मजा लेते है. तथा इस दौरान मेरी चाची भी काफी खुश नजर आती है. क्योंकि अब उनको टाइम-टाइम पर लंड जो मिल रहा है. उम्मीद है की अब उन्हें आगे भी इसी प्रकार लंड का मजा मिलता रहेगा. बस आप सब की दुआ की वजह से मेरे को निशा चाची की चूत नसीब हुई है. थैंक्स फ्रेंड्स!
दोस्तों ये Khet Me Chudai Story आप हमारी वेबसाइट gandistory.com/ पर पढ़ रहे है. उम्मीद है आपको यह Khet me chudai ki kahani बहुत पसंद आई होगी. चलिए, जल्द ही मिलते है अपनी अगली कहानी के साथ. अगर आपको मेरी Gandi Story पसंद आई है तो प्लीज् कमेंट बॉक्स में जरूर बताएं.