Muslim Bhabhi Sex – भाईजान के इंतकाल के बाद भाभी की चुदाई की जिम्मेदारी मैंने संभाली
आदाब दोस्तों! आप सभी का स्वागत है आपके अपने फेवरेट ब्लॉग GandiStory.com के Muslim sex stories के नए एपिसोड में. हाजिर है आपके सामने एक बार फिर आफताब जी द्वारा भेजी गयी Muslim Bhabhi Sex कहानी लेकर. दोस्तों मेरी यह एक एक सच्ची घटना है जिसमे मैंने मेरी प्यारी सी भाभी को भाईजान के इंतकाल के बाद चुदाई का सुख दिया है.
सबसे पहले मैं आपको अपने बारें में बताता हूँ. मैं पाकिस्तान के लाहौर के एक छोटे से कस्बे का रहने वाला हूँ. और फ़िलहाल मेरी उम्र 19 बरस की हो गयी है. घर मैं हम 2 ही भाई थे. तथा हमारी 4 बहने है. जिनका सभी का निकाह किया हुआ है. मेरे शाहरुख़ भाईजान मेरे से 10 बरस बड़े थे. जिनका रोड एक्सीडेंट में पिछले वर्ष इंतकाल हो चूका है.
और शाहरुख़ भाईजान के अभी 2 बच्चे भी थे. यानी घर में मेरे 2 भतीजा और भतीजी शामिल है. इसलिए अब जब से भाईजान का इंतकाल हुआ घर वाले मेरी प्यारी सी भाभी का दूसरा निकाह करने के बारें में सोच रहे थे. इसी कड़ी मैं दोस्तों हालाँकि मैं जोया भाभी से उम्र में 6 बरस छोटा तो था लेकिन अब घरवालों को खुलकर कह नही सकता था की भाभी मेरे को पसंद है.
क्योंकि जब से मेरी भाभी हमारे घर पर ब्याह कर आई थी तभी से दोस्तों मैं उन्ही को याद करके अपनी मुट्ठी मार लिया करता था. क्योंकि रिश्ते में वो मेरी भाभी थी इसलिए कभी उनसे चुदाई वाली बातें मैं नही कर सका. लेकिन ये समय ही ऐसा था की अब घर बचाने के चक्कर में भाभी को बेगम बनाना मेरे लिए जरूरी हो गया था. और सबसे बड़ी बात की वो मेरे को पसंद भी बहुत ज्यादा थी.
इसलिए दोस्तों मैंने जैसे ही घर में भाभी के दुसरे निकाह की हलचल तेज हुई तो भाभी से कुछ ज्यादा ही लगाव बना लिया. और मैं उनके सभी कामों में हाथ बाटने में लग गया. और उनसे अपने बारें में खुलकर बातें करने में लग गया. ऐसा करते-करते मेरे को करीब 20 रोज गुजर चुके थे. अब दोस्तों आई काम की बात करनी बारी.
तो एक दिन अभी पिछले ही महीने की बात है जब मैं और मेरे भतीजा-भतीजी तथा भाभी एक कमरे में बैठे-बैठे बातें कर रहे थे. तभी भाभी मेरे को अपने होने वाले नए शौहरों की फोटो दिखने में लग गयी. और मैं उन्हें देखकर बोला- नही भाभी ये सब लोग आप पर सूट नही करते.
भाभी- कैसे?
मैं- क्योंकि आप तो कितनी सुंदर और जवान हो और ये लोग कितने उम्रदराज है.
भाभी- अब क्या करें देवरजी दोबारा निकाह में तो ऐसे ही काम चलाना पड़ता है. अब कौन जवान लड़का मेरे से निकाह करेगा? आप ही बताओ?
इतना सुनकर दोस्तों मैंने सोचा की अब भाभी को अपने मन की बात बता ही दू तो अच्छा रहेगा. वरना पता नही ऐसा मौका कभी मिलेगा भी या नही. इसलिए मैंने कहा- भाभी आपको बुरा न लगे तो मैं आपको एक बात बताऊ?
भाभी- हाँ बताओ देवरजी.
मैं- आप जवान लड़के की बात कर रही थी ना तो मैं अभी जवान हूँ, अगर सम्भव हो तो आप मेरे से निकाह कर सकती हो. और आपको सच बताऊ तो आप मेरे को बहुत पसंद भी हो.
भाभी- अच्छा, मैं आपको पसंद भी हूँ. आपको पता है ना मैं आपसे कितनी बड़ी हूँ?
मैं- हाँ सब पता है, प्यार मैं उम्र नही देखी जाती मेरी जान.
भाभी- अच्छा, मैं अब आपकी जान भी बन गयी, अल्लाह.
मैं- हाँ तो इसमें क्या है भाभी आपको खुश भी नही देख सकता क्या मैं?
भाभी- देख सकते हो, लेकिन घरवालों से बात कौन करेगा?
दोस्तों ये Muslim bhabhi sex कहानी आप हमारी वेबसाइट gandistory.com/ पर पढ़ रहे है.
मैं- पहले आप ये बताओ की मैं आपको पसंद हूँ या नही?
भाभी- पसंद तो आप मेरे को सच बताऊ तो शुरू से ही हो. और आपका नेचर भी कितना सरल है मेरे को भी ऐसे ही लड़के पसंद होते है. जिनका बोलचाल अच्छा हो.
मैं- तो फिर ठीक है, आप कर लो अम्मीजान से अपने निकाह के बारें में बात.
भाभी- अगर उन्होंने मना कर दिया तो?
मैं- मना कर दिया तो हम भागकर शादी कर लेंगे. लेकिन मेरी जान आप मेरी पसंद हो ये याद रखना.
इतना सुनते ही भाभी मेरे से लिपट गयी और मैं कितनी देर तक उन्हें अपने सीने से लगाये रखा. और उनके बूब्स की गर्माहट महसूस करता रहा. आपको बताऊ दोस्तों उनके बूब्स पुरे 36 की साइज़ के एकदम तने हुए थे. और गर्म-गर्म आग फेंक रहे थे. जिनको देखकर मेरे लंड में सनसनी सी मच गयी. और वह अब खड़ा होना शुरू हो चूका था.
फिर भाभी ने मेरे को किस किया और बोली- अब जा रही हूँ सासु माँ के पास अपने निकाह की बात करने के लिए.
मैं बोला- हाँ जाओ, मेरी जान.
और फिर भाभी ने अम्मीजान से मेरे संग निकाह की बात छेड़ दी. और मेरी अम्मीजान ने तुरंत इसके बारें में हाँ कर दी. और मैं दीवार के सहारे उनकी सभी बातें सुन रहा था. इसके बाद दोस्तों मैं इतना खुश हुआ की पूछो मत.
फिर दौड़ी-दौड़ी मेरी जोया भाभी मेरे पास आई और बोली- अम्मीजान ने हाँ कर दी है. आई लव यू आफताब, मेरे नए शौहर जी.
फिर दोस्तों उसी शाम अम्मी और अब्बू ने मौलवी साहब को बुलाकर मेरे संग जोया भाभी का निकाह करवा दिया. और अब से हम मियां बीवी बन चुके थे. लेकिन दोस्तों मेरे को तो चुदाई का भुत सवार था. इसलिए रात को खाना खाकर मैं भाभी के कमरे में चला गया. और उनसे प्यार भरी बातें शुरू कर दी. और इस दौरान मैं लगातार उनके गोरे बदन को सहला रहा था.
मेरा ये अंदाज देखकर भाभी बोली- कितने दिन से प्यासे हो?
मैं बोला- जब से आपने इस घर में कदम रखा है, तभी से आप ही को याद करके अपना लंड हिलाता हूँ.
इतना सुनते ही भाभी हस दी. और बोली- लंड हिलाना जरूरी है क्या आपको?
मैं- क्या करूँ आपकी मटकती चाल ने मेरे लंड को आग में घी डालने जैसा काम पर लगा दिया है.
भाभी- मजाक तो नही कर रहे ना?
मैं- मेरे लंड को देखो और महसूस करके बताओ की मजाक है क्या?
इतना सुनते ही भाभी ने मेरे पजामे के उपर से मेरे लंड को छुआ और बोली- हाय तौबा, इतना बड़ा और इतना सख्त लंड है आपका? क्या खाकर आये हो?
मैं- कुछ नही मेरी जान तुम किसी चुदाई वाली गोली से कम हो क्या? तुमको देखते ही लंड में वियाग्रा जैसा प्रभाव देखने को मिल जाता है.
और इतना सुनते ही जोया मेरे संग बेड पर साथ में लेट गयी. और हम एक दुसरे को निहारने में लग गये. और अचानक जोया ने मेरे सर को पकड़कर अपने गुलाबी होठ मेरे होठों पर रख दिए. और हम लगातार किस किये जा रहे थे. ऐसा लग रहा था की मेरे से ज्यादा तो चुदाई की आग भाभी को लगी हुई थी.
तभी मैं बोला- ये जो आपने कपड़े डाले हैं, बड़े चिकने लग रहे हैं. हाथ लगा कर देख लूँ कि कैसा फील आता है?
वो बोलीं- हम्म.. देख ले!
मैंने उनकी पट्ट पर हाथ रख कर बोला काफी चिकना है.
दोस्तों ये Muslim bhabhi sex कहानी आप हमारी वेबसाइट gandistory.com/ पर पढ़ रहे है.
तभी मैं भाभी की जांघ पर हाथ फेरते फेरते उनकी चूत तक ले गया. और फिर मैंने सलवार के ऊपर से चूत टटोली और धीरे से भाभी की चूत में उंगली डाल दी.फिर मैं चिकनी सलवार में से सीधा उनकी चूत में उंगली डाल के अन्दर बाहर करने लगा.
जोया भाभी अब मेरी इन हरकतों को देखकर काफी सिसकारियां लेने लगी थी. और इस दौरान वह आह्ह्ह…..आह्ह्ह……आह्ह…..आआआआ…..आया.अ.अ.अ..अ.अ.अ.अ…रर….र.इ.इ..इ.इ.इ.. करने में लग गयी थी. और फिर मैंने महसूस किया की मेरी ऊँगली की वजह से उनकी चूत ने काफी पानी छोड़ दिया है.
तो मैंने बोला- जान आपकी चूत इतनी गीली कैसे हो गयी?
भाभी- आपकी इन हरकतों से इसको तो गीला होना ही था. अब ज्यादा देर न करो और अपने लंड के दर्शन करवा दो. प्लीज!
इसके बाद दोस्तों मैंने भाभी को अपनी बांहों में जोर से जकड़ लिया. मेरा मन कर रहा था कि उनमें पूरा समा जाऊं. मैंने उनकी कमर पर हाथ फेरते हुए उनको बोला- भाभी आप बहुत सेक्सी हैं, इस दिन का इंतजार मुझे कई सालों से था.. पर आज अल्लाह ताला ने मेरी सुन ली. शुक्र है अल्लाह का की मेरे को इतनी खुबसूरत बेगम दिलवा दी.
इसके बाद फिर से मैंने उनके होंठों पर किस किया और उनके मुँह में अपनी जीभ डाल दी. हम एक दूसरे को बुरी तरह से चूस रहे थे. फिर मैंने भाभी को लेटने को कहा और उनकी सलवार, जो नीचे से चुत के पानी से गीली हो गई थी, वो उतार दी. भाभी अब अपनी चुत पर हाथ रखने लगीं. और आह…आह…आह… किये जा रही थी.
तभी मेरे से ये सब देखा न गया और मैंने भाभी को लिटाकर उनकी चिकनी चुत चाटने लगा. इस दौरान भाभी मेरा सिर पकड़ के चुत के अन्दर खींच रही थीं और मेरे सिर में हाथ फेर रही थीं. वो बाहर तेज तेज सांसें ले रही थीं. तभी भाभी एकदम से मेरा सिर जोर से दबाए हुए टाँगें चौड़ी करके बैठ गईं. उम्म्ह… अहह… हय… याह… उनकी चुत से सारा पानी मेरे मुँह में आ गया था और मैं पी भी गया.
भाभी ने पानी निकल जाने के बाद मुझे गले से लगाया और बोलीं- आपके भाईजान तो सिर्फ अपना काम करके निकल जाते थे, मेरी चुत तड़पती रहती है, आज मैं तुम्हारी हो गई. इसलिए आज प्लीज इस चूत की आग को ढंग से शांत कर दो.
मैं बोला- चिंता मत करो मेरी जान, मेरे लंड को भी इसी गुलाबी चूत का इंतजार था. ऐसे चोदुंगा की जिन्दगी भर मेरी गुलाम न बनी रहो तो कहना.
फिर दोस्तों मैंने अपने पजामे का नाडा खोलकर भाभी को मेरे 8 इंच के तने हुए लंड का दर्शन करवा दिया. और मेरे लंड को देखते ही भाभी बोली- ओह्ह माय गॉड, इतना बड़ा लंड है आपका? ये चूत चोदेगा या फाड़ेगा?
मैं- अभी देखती जाओ मेरी जान क्या-क्या करेगा.
इतना कहकर मैं फिर से भाभी की चूत को चूसते हुए उनके बूब्स को दबाने में लग गया और करीब 5 मिनट तक ये सब करते-करते भाभी फिर से जोश में आ गयी. और अब फिर से वह आह…आह…आह्हह्ह्ह्हहह्हाहा….अहहह्हा हाह्हहहः…… किये जा रही थी.
इसलिए अब मैंने ज्यादा देर न की और भाभी के ऊपर चढ़कर मेरे लंड को उनके मुह में डाल दिया. और अब उनके मुह में लंड को आगे पीछे करने में लग गया. और इस दौरान भाभी ढंग से अंदर तक मेरे लंड को चुसे जा रही थी. तभी मैंने करीब 5 मिनट तक मुह में लंड देकर बाहर निकाला.
और अब भाभी की चूत की पंखुड़ियों को फैलाकर चूत के ऊपर ही अपने लंड को फिसलाता रहा. और इस दौरान भाभी बोली- और मत तडपाओ मेरी जान जाने दो इसे इस प्यासी चूत के अंदर. बहुत तडप रही हूँ. समझो मेरी जान प्लीज!
इतना सुनकर मैं भी जोश में आ गया और ज्यादा न तड़पाते हुए भाभी की चूत के अंदर अपने लंड को डाल दिया. और जैसे ही डाला तो भाभी एकदम से चिल्लाई….हाय तौबा इतना बड़ा लंड ….. धीरे-धीरे जाने दो इसे अंदर बहुत दर्द कर रहा है.
मैं बोला- अभी मजा भी देगा मेरी जान. थोड़ा कॉपरेट करो.
इतना कहकर मैं अब उनके लिप्स को चूमने में लग गया ताकि भाभी अब चिल्ला न सकें. और अब मैं उनकी चूत में अपने लंड को आगे – पीछे कर रहा था. उनकी चूत इस दौरान पहले से ही काफी गीली थी इसलिए कमरे में पच पच की आवाज के साथ, मेरी और भाभी की ‘आह आह आह आह आह’ की आवाज निकल रही थी.
और करीब 10 मिनट तक लगातार धक्के देने के बाद अब भाभी भी 2 बार झड़ चुकी थी. और मेरे को प्यार भरी निगाह से देखें जा रही थी. तभी मैंने बोला- जान मैं थोड़ा थक गया हूँ आप मेरे ऊपर आ जाओ ताकि आप ढंग से लंड को अंदर ले सको.
दोस्तों ये Muslim bhabhi sex कहानी आप हमारी वेबसाइट gandistory.com/ पर पढ़ रहे है.
इतना सुनते ही भाभी उठी और मेरे को लिटाकर खुद मेरे लंड पर बैठ गयी. वो आराम आराम से मेरे लंड पर उछल रही थीं और मैं उनकी जांघों पर हाथ फेर रहा था. उनकी गोरी-गोरी जांघे अब मेरे को और दीवाना बना रही थी. ऐसा लग रहा था की मैं अभी जन्नत में हूँ. करीब 5 मिनट तक भाभी मेरे लंड पर आगे पीछे होती रही और फिर जोर का झटका देकर खुद भी झड़ गयी और साथ में मेरे लंड को भी झाड़ दिया.
इस प्रकार करीब आधें घंटे तक चुदाई चलने के बाद हम फिर से साथ में नंगे ही लेट गये. और फिर से प्यार भरी बातें और अपनी सेक्स की फिलिंग शेयर करने में लग गये. हालाँकि मैं इस दौरान भाभी के बूब्स को लगातार मसल रहा था. इसलिए करीब 10 मिनट बाद भाभी फिर से चुदने के लिए तैयार हो गयी. और फिर से वह आह…आहाह्हहाहा आहाह्हः…. आहाहह्हहहः…… करने में लग गयी.
तभी मैंने कहा- जान उठो और मेरे लंड को लो अपने प्यारे से मुह में.
इतना सुनते ही भाभी ने फिर से मेरे लंड को करीब 10 मिनट तक अपने मूह में आइसक्रीम की तरह चूमना शुरू कर दिया. और अब मेरा लंड फिर से सख्त हो चला था. इसलिए भाभी बोली- अब हो गया ये तैयार चोदने के लायक. प्लीज इस बार मेरे को घोड़ी बनाकर चोदो. ये मेरी ख्वाहिस है की मैं आपसे दमदार तरीके से घोड़ी बनकर चुदु.
इतना सुनते ही मैंने भाभी को घोड़ी बना लिया. और फिर पीछे से ही उनकी चूत का हाल देखा तो काफी गीली हो रखी थी. इसलिए मैंने पास में रखा एक कपड़ा लिया और पहले तो उनकी चूत के पानी को साफ़ किया और फिर से अपना मुह उनकी चूत में डाल दिया और लगातार चाटने में लग गया. और मेरे पीछे से चूत चाटने के कारण भाभी अब काफी जोश में आ गयी थी.
अब वह फिर से आह…आअह्हहह…आह्ह्ह…ऊऊ…..aaaa.अ..अ.अ..आ.अ..अ.ईईईईइ….. करने में लग गयी थी. तभी मैंने पीछे से अपने लंड को सेट किया और एकदम से चूत के अंदर घुसा दिया. और भाभी की आह…. निकल पड़ी.
फिर मैंने भाभी की एक न सुनी और भाभी की कमर को पकड़कर जोर-जोर के झटके देने शुरू कर दिया. और करीब 15 मिनट तक लगातार झटके देने के बाद भाभी काफी हांफने में लग गयी. और बोली- प्लीज अब रहने दो. मेरी चुदाई वाली ख्वाहिस पूरी हो चुकी है.
लेकिन मैं कहाँ मनाने वाला था. फिर से अपनी एक टांग बेड पर रखी और अब भाभी के कंधों को जोर से पकड़कर पीछे से लंड को भाभी की चूत में आगे-पीछे करने में लग गया. और इस दौरान वह आअह्हहह…आह्हह….अहह्हः…आहाह्हा….अहहाह… किये जा रही थी. और करीब घोड़ी बनाकर भाभी को एक घंटे तक चोदने के बाद अब मेरा खुद का भी झड़ने वाला था.
तो मैंने अब जोर के झटके देते हुए आहाह्हहः…अहहह्ह..अहहह्हा करते हुए भाभी की चूत में ही अपना सारा माल निकाल फेंका. और इस दौरान मैं पीछे से ही उनके ऊपर लेट गया. और सामने से उनकी गर्दन पर किस करता रहा.
भाभी बोली- आज मिला है मेरे को कोई चोदने वाला असली मर्द.
मैं- कैसे भाभी?
भाभी- पहली बार है जब मैं 4 बार झड़ चुकी हूँ.
मैं- अभी तो मेरी जान चुदाई की शुरुआत हुई है. अभी तो पूरी रात चोदना है आपको. वरना आप याद कैसे करोगे की नया शौहर कैसे चोदता है. आपको जिंदगी भर अहसास भी तो दिलाना है.
इतना कहकर करीब आधे घंटे बाद फिर से मैंने भाभी की चूत की चुदाई कर डाली. और दोस्तों उस रात करीब 7 बार चुदाई करने के बाद सुबह भाभी का हाल ऐसा हो चूका था की, उनसे ढंग से चला भी न जा रहा था. तभी भाभी बोली- काश आप मेरे को पहले मिल गये होते तो मेरे को इतना न तड़पना पड़ता.
मैं बोला- अब चिंता क्यूँ करती हो मेरी जान अब मैं हमेशा सिर्फ आपका ही हूँ. हम दोनों दिन भर जब भी मन होगा दमदार चुदाई करेंगे. और इसके बाद दोस्तों करीब 2 महीने हो चले है मैं दिन में कम से कम 3 बार तो जोया की चुदाई अवश्य कर लेता हूँ. इसलिए वो मेरे से काफी खुश है और घर की बात घर में ही रह गयी इसलिए घरवाले भी काफी खुश है.
दोस्तों ये Muslim bhabhi sex कहानी आप हमारी वेबसाइट gandistory.com/ पर पढ़ रहे है. उम्मीद है आपको यह Muslim chudai kahani बहुत पसंद आई होगी. चलिए, जल्द ही मिलते है अपनी अगली कहानी के साथ. अगर आपको मेरी Gandi Story पसंद आई है तो प्लीज् कमेंट बॉक्स में जरूर बताएं.